Friday, February 6, 2026
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प्रधान न्यायाधीश कुटुंब न्यायालय रजनीकांत पाठक के प्रयास से बुजुर्ग पिता को पुत्र ने लगाया गले मतभेद हुआ खत्म

पाकुड़ व्यवहार न्यायालय स्थित प्रधान न्यायाधीश कुटुंब न्यायालय में मूल भरण पोषण वाद संख्या 297/2025 हज़ीकुल अब्दुल गनी मियां बनाम इसराइल अंसारी जो दोनों रिश्ते में पिता पुत्र है। बुजुर्ग पिता हज़ीकुल अब्दुल गनी मियां का उनके पुत्र इसराइल अंसारी के साथ वर्षों से चल रहे मतभेद को प्रधान न्यायाधीश कुटुंब न्यायालय रजनीकांत पाठक के अथक प्रयास से समाप्त किया गया। पिता पुत्र ने आपसी मतभेद को भूलाकर एक दूसरे के साथ रहने को लेकर राजी हुए। पत्नी के मृत्यु के बाद बुजुर्ग पिता हज़ीकुल अब्दुल गनी मियां भरण पोषण चिकित्सा समेत कई प्रकार के मुसीबतों को झेल रहे थे। आज मामलों के सुलह समझौते होने से बुजुर्ग पिता को पुनः पुत्र का सहारा मिल पाया। इस दौरान प्रधान न्यायाधीश कुटुंब न्यायालय रजनीकांत पाठक ने दोनों पिता पुत्र को खुशी खुशी साथ रहने एवं विवाद से बचने का संदेश दिया। ये अभियान मेडिएशन फॉर द नेशन 2.0 नालसा नई दिल्ली एवं झालसा रांची के निर्देशानुसार प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकार पाकुड़ दिवाकर पांडे के निर्देश पर डालसा सचिव रूपा बंदना किरो के देखरेख में की जा रही है।

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