नालसा नई दिल्ली एवं झालसा रांची के निर्देशानुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकार पाकुड़ के तत्वाधान में प्रधान जिला एवं सत्र न्यायधीश सह अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकार पाकुड़ दिवाकर पांडे के निर्देश पर चले रहे मेडिएशन फॉर द नेशन 2.0” के तहत् आज तीन मामलों का सफल सुलह समझौता कराया गया। मामला पाकुड़ व्यवहार न्यायालय के प्रधान न्यायाधीश कुटुंब न्यायालय में चल रहे दो मामले मूल भरण पोषण वाद संख्या 316/2025 आयेशा खातून बनाम जयनाल शेख जिनका तीन पुत्र, एक पुत्री भी है एवं दूसरा मामला मूल भरण पोषण वाद संख्या 4/2026 मरियम खातून बनामआसिकुल शेख , जिनका एक पुत्र है। और तीसरा मामला मूल भरण पोषण वाद 47/2025 है जो वर्षों से अलग रह रहे दंपतियों को प्रधान न्यायाधीश कुटुंब न्यायालय रजनीकांत पाठक के अथक प्रयास से सभी मामलों में पति पत्नी के बीच चल रहे आपसी मतभेद को समाप्त किया गया। दोनों वाद में पति पत्नी ने आपसी मतभेद को भूलाकर एक साथ रहने के लिए राजी हुए। दोनो पक्ष एक दूसरे के भावनाओं का ख्याल करते हुए संसारीक जीवन व्यतीत करने भविष्य में किसी प्रकार का वाद-विवाद उत्पन्न नहीं करने मिलकर रहने का संकल्प लिया। प्रधान न्यायाधीश कुटुंब न्यायालय रजनीकांत पाठक के प्रयास से टूटता परिवार एक हो गए। इस टूटते रिश्ते को बचाने के लिए जिला विधिक सेवा प्राधिकार में मध्यस्थता राष्ट्र के लिए 2.0 का भूमिका एवं संबंधित दोनों पक्षों के अधिवक्ता का योगदान रहा। जिससे घर में खुशी लौट पाया। इस दौरान दंपति को एक साथ खुशी खुशी रहने मतभेद से बचने परिवार के साथ मिलजुल कर रहने का संदेश प्रधान न्यायाधीश कुटुंब न्यायालय रजनीकांत पाठक ने दिया। ये अभियान प्रधान जिला एवं सत्र न्यायधीश सह अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकार पाकुड़ दिवाकर पांडे के निर्देश पर डालसा सचिव रूपा बंदना किरो के देख रेख में की जा रही है। मौके पर दंपतियों के परिजन, उभयपक्षों के अधिवक्ता,प्रोसेनजीत चौबे, मधुसूदन पाल, अब्दुल हन्नान, मो बोजले अहमद मौजूद रहें।
इबादत , भाईचारे , सहनशीलता , संयम सहित मानवीय और आध्यात्मिक गुणों के जीवन में समायोजन के लिए कैदी भी रख रहे रोज़ा।
मंडल कारा में 52 बंदियों ने दूसरे दिन भी रखा रोज, जेल प्रशासन ने सेहरी,इफ्तारी की दी है सुविधा। रमजान के पवित्र महीने में पाकुड़ जेल में 52 बंदियों ने शुक्रवार को दूसरे दिन भी रोजा रखा है। 52 बंदियों में 50 पुरुष और दो महिला बंदी रोज पर हैं। शुक्रवार को जुम्मा की नमाज अदायगी के लिए जेल प्रशासन द्वारा मौलवी को बुलाकर नमाज पढ़ने की व्यवस्था दी है। इस संबंध में जेलर दिलीप कुमार ने बताया कि रोजा रखने वाले बंदियों को रमजान महीने में जेल प्रशासन द्वारा सेहरी और इफ्तारी के लिए सुविधा उपलब्ध कराई गई है । फल के साथ-साथ सूखा खाने का सामग्री भी रोजेदार बंदियों को दी गई है। फिलवक्त शुक्रवार को पाकुड़ जेल में कुल बंदियों संख्या 253 है। सेहरी और इफ्तार के वक्त रोजेदार को जेल प्रशासन द्वारा दूध की भी व्यवस्था दी जा रही है। शुक्रवार को इफ्तारी का वक्त संध्या 5:37 निर्धारित है । रोजेदार बंदियों को सूखा राशन अपनी ओर से व्यवस्था रखने की सुविधा प्रशासन द्वारा दी गई है।
सीपीआई (एम) झारखंड राज्य कमिटी के प्रकाश विप्लव ने नगर निकाय चुनाव को लेकर आम मतदाताओं से नफऱत से ऊपर उठकर मतदान की अपील की है।
झारखंड के नगर निकाय चुनाव में नफरत फैलाने वाले प्रत्याशियों की पराजय सुनिश्चित कर सद्भाव और एकता के पक्षधर उम्मीदवारों को विजयी बनायें
*शहरी मतदाताओं से भारत की कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) की अपील*
मतदाता बहनों एवं भाइयों,
झारखंड में स्थानीय निकायों के लिए होने वाले चुनाव का प्रचार अब जोर पकड़ रहा है. 23 फरवरी को कुल 48 निकायों जिनमें 9 नगर निगम 20 नगर पर्षद 19 नगर पंचायत के 1087 वार्डों मे मेयर /अध्यक्ष और वार्ड पार्षदों के लिए वोट डाले जायेंगें और 27 फरवरी को चुनाव के नतीजे मिल जायेंगें. जिसके बाद निर्वाचित वार्ड पार्षदों द्वारा निकायों के उप महापौर /उपाध्यक्ष का चुनाव किया जाएगा और नगर निकाय के बोर्ड का गठन होगा. घोषित रुप से निकाय चुनाव गैर दलीय आधार पर हो रहे हैं लेकिन राजनीतिक पार्टियों द्वारा अपने दल आधारित प्रत्याशियों का चयन कर पीछे से उनका समर्थन किया जा रहा है. एक ही पार्टी के कई प्रत्याशियों के चुनाव मैदान मे डटे रहने के कारण इन पार्टियों के लिए समस्याएँ भी पैदा हो रही है. अंदरूनी तौर पर इन पार्टियों द्वारा एक ही अधिकृत उम्मीदवार के चयन का प्रयास किया जा रहा है. लेकिन पार्टियों के बागी उम्मीदवारों ने चुनाव मैदान से हटने से इंकार कर इन दलों के लिए मुसीबतें खड़ी कर दी है.
नगर निकायों के चुनाव में बेहतर होता की कई अन्य राज्यों की तरह यह चुनाव भी राजनीतिक दलों के चुनाव चिन्ह पर होता ताकि उम्मीदवारों की विश्वसनीयता भी बनी रहती. लेकिन वामदलों को छोड़ कर झारखंड की मुख्य राजनीतिक पार्टियां निकाय चुनाव को अपने तरीके से संचालित करना चाहती हैं क्योंकि चुनाव राजनीतिक दल आधारित होते तब उनके चुनाव चिन्ह का इस्तेमाल होता और एक ही अधिकृत प्रत्याशी होता. अब ” जो जीता वही सिकंदर” सबके लिए दरवाजे खुले रखे जायेंगें यह एक प्रकार का राजनीतिक अवसरवाद ही है.
इस पृष्ठभूमि में माकपा शहरी निकायों के मतदाताओं से अपील करती है की वे नगर निकाय चुनाव में भाजपा समर्थित उम्मीदवारों को पराजित कर धर्मनिरपेक्ष प्रत्याशियों की जीत सुनिश्चित करें. ताकि शहरी क्षेत्र में बीजेपी के सांप्रदायिक एजेंडा को आगे बढाने के मंसूबों को ठप्प किया जा सके. माकपा की समझ है की नगर निकाय चुनाव एक महत्वपूर्ण चुनाव है जो निर्वाचित निगम, पर्षद और नगर पंचायत के प्रतिनिधियों द्वारा शहरों/कस्बों में बुनियादी नागरिक सुविधाओं , सफाई, शुद्ध पेयजल कीं आपूर्ति, शिक्षा, सामुदायिक स्वास्थ्य सेवा आवागमन के लिए परिवहन, संडकों का निर्माण और एक स्वच्छ और प्रदूषण मुक्त शहर के विकास के लिए जिम्मेवार है. आज एक ओर राज्य के शहरी निकायों की स्थिति बद से बदतर है. हर जगह कूड़े का अंबार,
बजबजाती गंदी नालियां और मच्छरों के भयानक प्रकोप से नागरिक परेशान है.दूसरी ओर नगर निकायों में वर्षों से काम कर रहे अस्थाई सफाईकर्मी जिन्हें आउटसोर्सिंग कंपनियों के हवाले कर दिया गया है जहां उनका निर्मम शोषण जारी है. लेकिन निकाय चुनाव में भाजपा इन मुद्दों के बजाए सांप्रदायिक धुव्रीकरण के एजेंडे को ही आगे बढा रही है.
इसलिए एक जिम्मेवार शहरी नागरिक होने के नाते आपका कर्त्तव्य है की घृणा और विभाजन फैलाने वाले प्रत्याशी के हार की गारंटी कर सद्भाव और एकता के हिमायती प्रत्याशी की जीत सुनिश्चित करें.
प्रोजेक्ट डिवाइस की सफलता, पुलिस ने 19 गुमशुदा मोबाइल बरामद कर लौटाए
आमजन को राहत देने के उद्देश्य से पाकुड़ पुलिस द्वारा चलाए जा रहे Project Device अभियान के तहत बड़ी सफलता मिली है। जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों से चोरी और गुमशुदा कुल 19 मोबाइल फोन बरामद कर उनके वास्तविक धारकों को सौंपे गए हैं।
पुलिस अधीक्षक कार्यालय से जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, इससे पहले 7 जनवरी 2026 को नगर थाना क्षेत्र से 5 मोबाइल बरामद किए गए थे। ताजा कार्रवाई में महेशपुर थाना से 7, लिट्टीपाड़ा से 3, पाकुड़िया से 5 और मुफस्सिल थाना क्षेत्र से 4 मोबाइल फोन बरामद किए गए। सभी मोबाइल संबंधित सनहा के आधार पर सत्यापन के बाद धारकों को लौटाए गए। बरामद मोबाइलों में Samsung, Vivo, Oppo, Realme और Poco जैसे ब्रांड शामिल हैं। मोबाइल धारक न केवल पाकुड़ जिले के हैं, बल्कि पश्चिम बंगाल और राजस्थान जैसे अन्य राज्यों से भी हैं, जिससे अभियान की व्यापकता स्पष्ट होती है। इस अभियान को सफल बनाने में पाकुड़ (मु.), महेशपुर, लिट्टीपाड़ा और पाकुड़िया थानों के थाना प्रभारी, तकनीकी शाखा और CCTNS से जुड़े पुलिसकर्मियों की अहम भूमिका रही। पुलिस ने बताया कि Project Device के तहत यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा। पुलिस ने आमजनों से अपील की है कि मोबाइल गुम या चोरी होने पर तुरंत थाना में सनहा दर्ज कराएं। आपात स्थिति में 112, साइबर अपराध के लिए 1930, महिला सहायता के लिए 1091 और बाल सहायता के लिए 1098 पर संपर्क करें।
बिहार के माननीय मुख्यमंत्री श्री नीतीश कुमार जी के विज़न को साकार होता देखना सुखद !
प्राकृतिक चिकित्सा के अंग पुरोधा श्री जेता सिंह की कलम से—
तपोवर्धन प्राकृतिक चिकित्सा केंद्र आज उस ऐतिहासिक क्षण का साक्षी बना, जिसकी कल्पना राज्य के माननीय मुख्यमंत्री श्री नीतीश कुमार जी ने वर्षों पूर्व की थी।
जब इस प्राकृतिक चिकित्सा केंद्र के निर्माण एवं विकास हेतु सरकार की ओर से अनुदान और संस्थागत् सहयोग प्रदान किया जा रहा था, उसी क्रम में माननीय मुख्यमंत्री जी ने व्यक्तिगत रूप से यह भावना व्यक्त की थी कि उन्हें अत्यंत पीड़ा होती है जब बिहार के लोग उपचार के लिए राज्य से बाहर जाने को विवश होते हैं।
उनकी स्पष्ट और प्रबल इच्छा थी कि ऐसा वातावरण निर्मित हो, जहां देश के प्रत्येक राज्य से लोग बिहार आकर प्राकृतिक चिकित्सा का लाभ उठाएँ।
मुख्यमंत्री जी की एक और महत्वपूर्ण कामना थी कि भविष्य में विदेशों से भी सैलानी एवं रोगी भागलपुर आएँ और यहां की प्राकृतिक चिकित्सा पद्धति से लाभान्वित हों।
उनका मानना था कि यदि नेचुरोपैथी को वैश्विक पहचान मिले और विदेशी नागरिक यहां उपचार एवं अध्ययन के लिए आने लगें, तो इससे न केवल स्वास्थ्य क्षेत्र को मजबूती मिलेगी, बल्कि बिहार में विदेशी पर्यटकों का आगमन भी बढ़ेगा।
आज यह स्वप्न साकार होता प्रतीत हो रहा है। नीदरलैंड्स के युवा शोधकर्ता श्री फ्लोरिस डी राउटर ने तपोवर्धन प्राकृतिक चिकित्सा केन्द्र में प्रवास कर प्राकृतिक उपचार एवं जीवनशैली का अध्ययन आरंभ किया है। वे यहां की चिकित्सा पद्धति, प्राकृतिक आहार, मिट्टी एवं जल चिकित्सा तथा समग्र स्वास्थ्य दृष्टिकोण से अत्यंत प्रभावित हुए।
श्री फ्लोरिस डी राउटर ने स्पष्ट कहा है कि वे अपने देश लौटकर यहां के अनुभवों को साझा करेंगे तथा अनेक रोगियों को भागलपुर आकर प्राकृतिक उपचार लेने के लिए प्रेरित करेंगे।
इतना ही नहीं, उन्होंने अपनी बहन और एक मित्र को भी अगले महीने यहां आने के लिए आमंत्रित कर दिया है, ताकि वे स्वयं इस जीवनशैली और उपचार पद्धति का अनुभव कर सकें।
किसी विदेशी मूल के व्यक्ति का पहली बार इस केन्द्र में दीर्घ प्रवास कर प्राकृतिक चिकित्सा का अध्ययन करना तपोवर्धन केन्द्र के लिए गौरव का विषय है।
श्री फ्लोरिस डी राउटर का यहां आगमन, माननीय मुख्यमंत्री श्री नीतीश कुमार जी की उस दूरदर्शी सोच का प्रत्यक्ष प्रमाण है, जिसमें उन्होंने बिहार को प्राकृतिक चिकित्सा और स्वास्थ्य पर्यटन के वैश्विक मानचित्र पर स्थापित करने की कल्पना की थी।
अब यह स्पष्ट दिखाई दे रहा है कि वह पुरानी इच्छा क्रमशः वास्तविकता का रूप लेने लगी है और भागलपुर का यह केन्द्र अंतरराष्ट्रीय पहचान की दिशा में कदम बढ़ा चुका है।
एच एम एम मॉडल एकेडमी में वार्षिक उत्सव संपन्न बच्चों ने दिखाई प्रतिभा
पाकुड़ जिले के महेशपुर प्रखंड अंतर्गत एच एम एम मॉडल एकेडमी गदरपाड़ा महेशपुर में वार्षिक उत्सव धूमधाम से मनाया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि केंद्रीय कमेटी के सदस्य पिंकू शेख़ (जेएमएम) विशेष अतिथि के रूप में झारखंड प्राइवेट स्कूल एसोसिएशन के जिला अध्यक्ष गब्रियल मुर्मू ,जिला सचिव राजकुमार भगत , मोहम्मद कुतुबुद्दीन पूर्व प्राचार्य, महबूब आलम, कलबुद्दीन शेख, पार्थो चटर्जी, जाई चटर्जी, विद्यालय के प्रधानाध्यापक बबीरुल शेख , शिक्षक नंद कुमार माल, मिनारूल शेख, शकीना बेगम, विद्यालय के निदेशक जूलिया रखसाना एवं सैकड़ों अभिभावक उपस्थित थे। इस अवसर पर केंद्रीय कमेटी के सदस्य पिंकू शेख ने कहा आज के वर्तमान युग में निजी विद्यालय शिक्षा के क्षेत्र में काफी सुर्खियां बटोर रहा है। लोग यहां अनुशासन में रहकर निष्ठा से अपनी पढ़ाई कर रहे हैं और निरंतर प्रगति के पथ पर बढ़ रहे हैं। आवश्यकता है की हम इन्हें सहयोग करें। झारखंड प्राइवेट स्कूल एसोसिएशन के अध्यक्ष गब्रियल मुर्मू ने कहा कि एक छोटे से गांव में निजी विद्यालय का हो ना और चलना अपने आप में गर्व की बात है। इससे स्पष्ट है कि आज शिक्षा के क्षेत्र में ग्रामीण पुरी तरह से जाग चुके हैं और वह चाहते हैं कि हमारे बच्चे हर वह मुकाम हासिल कर सके जो एक शिक्षित को होना चाहिए। हमारे बच्चे डॉक्टर इंजीनियर वैज्ञानिक हो और देश के तरक्की में भाग ले। और यह तभी संभव है जब हमारे बच्चे शिक्षित होंगे। इसलिए अपने बच्चों के भविष्य उज्जवल करने के लिए प्रतिदिन विद्यालय में बच्चों को भेजें।
और मोबाइल से अपने बच्चों को दूर रखें। जिला सचिव राजकुमार भगत ने कहा कि आज निजी विद्यालय शिक्षा के क्षेत्र में काफी आगे बढ़ चुका है । आज के समय में निजी विद्यालय के बच्चे ऊंचे ऊंचे पदों में सुशोभित हैं। अंग्रेजी हो या फिर हिंदी सभी में वे आगे हैं। किंतु प्राइवेट विद्यालय की कुछ समस्याएं भी है। सरकार को चाहिए कि वह बिना शर्त प्राथमिक शिक्षा पांचवी तक की मान्यता दे। सभी राज्य मान्यता दे रहे हैं। किंतु झारखंड एक ऐसा राज्य है जहां मान्यता के लिए कठिन परिश्रम कर रहे हैं। इसके पूर्व विद्यालय में खेलकूद एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में एकला चलो रे संगीत व मम्मी डैडी , मोबाइल पर एकांकी को लोगों ने खूब साराहा सभी का मन मोह लिया। पूर्व प्राचार्य मोहम्मद कुतुबुद्दीन ने कहा बच्चों के अध्ययन एवं अध्यापन के लिए बच्चों के माता को हर समय सचेत रहना चाहिए। जिनके माता-पिता सचेत होंगे उनके बच्चे एक दिन आपका नाम जरूर रोशन करेंगे। कार्यक्रम के अंत में मुख्य अतिथि द्वारा बच्चों को पुरस्कृत किया गया।
मंडलकारा पाकुड़ में जेल अदालत सह मेडिकल कैंप का हुआ आयोजन
झालसा रांची के निर्देशानुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकार पाकुड़ के तत्वाधान में आज 15 फरवरी 2026 को प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकार पाकुड़ दिवाकर पांडे के निर्देश पर सचिव रूपा बंदना किरो की उपस्थिति में मंडलकारा पाकुड़ में जेल अदालत सह मेडिकल कैंप का आयोजन किया गया। जिसमें डालसा सचिव रूपा बंदना किरो ,लीगल एड डिफेंस कॉन्सिल सिस्टम के चीफ सुबोध कुमार दफादार डिप्टी चीफ़ मो नुकुमुद्दीन शेख, व संजीव कुमार मंडल लीगल एड डिफेंस कॉन्सिल सिस्टम के सहायक गंगाराम टुडू , व अज़फर हुसैन विश्वास, जेल के प्रशासनिक अधिकारी ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर की ।उक्त कार्यक्रम में न्यायिक पदाधिकारी ने जिला विधिक सेवा प्राधिकार पाकुड़ से मिलने वाली निशुल्क कानूनी सहायता प्रदान को लेकर अहम कानूनी जानकारी उपस्थित बंदियों को दी। बंदियों की उनके हित में मुफ्त कानूनी लाभ लेने व प्राधिकार से निःशुल्क अधिवक्ता प्राप्त को लेकर कई बिंदु पर चर्चा करते हुए जानकारी दी गई। साथ ही मेडिकल कैंप के दौरान बंदियों का बीपी, शुगर,समेत अन्य स्वास्थ्य की जांच की गई। उक्त कार्यक्रम के तहत विचाराधीन बंदियों के मामलों के पैरवी के लिए अधिवक्ता को लेकर जानकारी ली गई।इस दौरान कानूनी लाभों पर विस्तृत जानकारी दी गई।मौके पर न्यायालय कर्मी ,पैरा लीगल वॉलिंटियर्स मेडिकल टीम के सदस्य उपस्थित रहे।
संस्था ने पुलवामा हमले में शहीद जवानों को दी श्रद्धांजलि, काला दिवस के रूप मे 14 फरवरी को काला दिवस के रूप में किया गया स्मरण
14 फरवरी 2019 को जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में हुए आतंकी हमले में शहीद हुए केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल के 40 जवानों को स्मरण करते हुए 14 फरवरी को काला दिवस के रूप में मनाते हुए शहर के इंद्रा चौक पर शनिवार को देर संध्या में सत्य सनातन संस्था ने आदर्श आचार संहिता का पालन करते हुए श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में वीरगति प्राप्त जवानों को भावपूर्ण नमन करते हुए उनकी शहादत को राष्ट्र की अमूल्य धरोहर बताया गया।
ज्ञात हो कि 14 फरवरी 2019 को पुलवामा में केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल के काफिले पर आत्मघाती हमला हुआ था, जिसमें 40 जवान वीरगति को प्राप्त हुए थे। इस घटना ने पूरे देश को झकझोर दिया था।
श्रद्धांजलि कार्यक्रम के दौरान संस्था के अध्यक्ष रंजीत कुमार चौबे ने कहा कि मातृभूमि की संप्रभुता और अखंडता की रक्षा के लिए अपने प्राणों का बलिदान देने वाले जवानों का त्याग सदैव स्मरणीय रहेगा। उनके परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए कहा गया कि राष्ट्र उनके बलिदान का सदैव ऋणी रहेगा। श्री चौबे ने यह भी कहा आज पश्चिमी सभ्यताओं से बसीभूत होकर कई लोग रोज डे चॉकलेट डे किश डे और तो और वैलेंटाइन डे मनाते हैं परंतु देश के बीर जवानों को भूल जाते है आज के दिन देशवासियों को वीर जवानों की शहादत को याद कर एकजुटता प्रदर्शित करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि देश के लिए अपने प्राण न्योछावर करने वाले जवानों का सम्मान और स्मरण प्रत्येक नागरिक का दायित्व है।
कार्यक्रम में उपस्थित लोगों ने दो मिनट का मौन रखकर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की तथा राष्ट्र की एकता, अखंडता और सुरक्षा के प्रति प्रतिबद्ध रहने का संकल्प लिया। मौके पर संस्था के उपाध्यक्ष गौतम कुमार ,सयुक्त सचिव अजय भगत , कोषाध्यक्ष अमर ठाकुर ,जिला अध्यक्ष हर्ष भगत , सत्यम भगत ,बम भोला उपाध्याय ,सुमित पांडेय, सानू रजक ,संदीप त्रिवेदी , संतोष टिब्रीवाल, संतोष कुमार ,प्रसन्ना मिश्रा संतोष कुमार, आनंद कुमार , रवि भगत , मुन्ना शर्मा ,चुन्ना शर्मा सहित दर्जनों सदस्य उपस्थित रहे ।
मेडिएशन फॉर द नेशन 2.0” अभियान के तहत् आज एक मामलों का हुआ सफल मध्यस्थता
नालसा नई दिल्ली एवं झालसा रांची के निर्देशानुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकार पाकुड़ के तत्वाधान में प्रधान जिला एवं सत्र न्यायधीश सह अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकार पाकुड़ दिवाकर पांडे के निर्देश पर चले रहे मेडिएशन फॉर द नेशन 2.0” के तहत् आज एक मामलों का सफल सुलह समझौता कराया गया। मामला पाकुड़ व्यवहार न्यायालय के प्रधान न्यायाधीश कुटुंब न्यायालय में चल रहे मूल भरण पोषण वाद संख्या 254/2025 सोमीरोन खातून बनाम बदरूद्दीन अंसारी जिनका एक पुत्री भी है। जो वर्षों से अलग रह रहे दंपतियों को प्रधान न्यायाधीश कुटुंब न्यायालय रजनीकांत पाठक के अथक प्रयास से पति पत्नी के बीच चल रहे आपसी मतभेद को समाप्त किया गया। दोनों पति पत्नी ने आपसी मतभेद को भूलाकर एक साथ रहने के लिए राजी हुए। दोनो पक्ष एक दूसरे के भावनाओं का ख्याल करते हुए संसारीक जीवन व्यतीत करने भविष्य में किसी प्रकार का वाद-विवाद उत्पन्न नहीं करने मिलकर रहने का संकल्प लिया। प्रधान न्यायाधीश कुटुंब न्यायालय रजनीकांत पाठक के प्रयास से टूटता परिवार एक हो गए। इस टूटते रिश्ते को बचाने के लिए जिला विधिक सेवा प्राधिकार में मध्यस्थता राष्ट्र के लिए 2.0 का भूमिका एवं संबंधित दोनों पक्षों के अधिवक्ता का योगदान रहा। जिससे घर में खुशी लौट पाया। इस दौरान दंपति को एक साथ खुशी खुशी रहने मतभेद से बचने परिवार के साथ मिलजुल कर रहने का संदेश प्रधान न्यायाधीश कुटुंब न्यायालय रजनीकांत पाठक ने दिया। ये अभियान प्रधान जिला एवं सत्र न्यायधीश सह अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकार पाकुड़ दिवाकर पांडे के निर्देश पर सचिव रूपा बंदना किरो के देख रेख में की जा रही है। इस दौरान मौके पर दंपतियों के परिजन, अधिवक्ता सुलेखा प्रमाणिक, न्यायालय कर्मी मौजूद रहे।
मेडिएशन फॉर द नेशन 2.0” अभियान के तहत् आज दो मामलों का हुआ सफल मध्यस्थता
नालसा नई दिल्ली एवं झालसा रांची के निर्देशानुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकार पाकुड़ के तत्वाधान में प्रधान जिला एवं सत्र न्यायधीश सह अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकार पाकुड़ दिवाकर पांडे के निर्देश पर चले रहे मेडिएशन फॉर द नेशन 2.0” के तहत् आज दो मामलों का सफल सुलह समझौता कराया गया। मामला पाकुड़ व्यवहार न्यायालय के प्रधान न्यायाधीश कुटुंब न्यायालय में चल रहे दो मामले मूल भरण पोषण वाद संख्या 339/2025 संतोषनी मुर्मू बनाम संतोष सोरेन एवं दूसरा मामला मूल भरण पोषण वाद संख्या 275/2025 जासमीन खातून बनाम आलम शेख ,दोनों मामलों केvदंपतियों का एक छोटी बच्ची भी है।जो वर्षों से अलग रह रहे दंपतियों को प्रधान न्यायाधीश कुटुंब न्यायालय रजनीकांत पाठक के अथक प्रयास से दोनों मामलों में पति पत्नी के बीच चल रहे आपसी मतभेद को समाप्त किया गया। दोनों वाद में पति पत्नी ने आपसी मतभेद को भूलाकर एक साथ रहने के लिए राजी हुए। दोनो पक्ष एक दूसरे के भावनाओं का ख्याल करते हुए संसारीक जीवन व्यतीत करने भविष्य में किसी प्रकार का वाद-विवाद उत्पन्न नहीं करने मिलकर रहने का संकल्प लिया। प्रधान न्यायाधीश कुटुंब न्यायालय रजनीकांत पाठक के प्रयास से टूटता परिवार एक हो गए। इस टूटते रिश्ते को बचाने के लिए जिला विधिक सेवा प्राधिकार में मध्यस्थता राष्ट्र के लिए 2.0 का भूमिका एवं संबंधित दोनों पक्षों के अधिवक्ता का योगदान रहा। जिससे घर में खुशी लौट पाया। इस दौरान दंपति को एक साथ खुशी खुशी रहने मतभेद से बचने परिवार के साथ मिलजुल कर रहने का संदेश प्रधान न्यायाधीश कुटुंब न्यायालय रजनीकांत पाठक ने दिया। ये अभियान प्रधान जिला एवं सत्र न्यायधीश सह अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकार पाकुड़ दिवाकर पांडे के निर्देश पर डालसा सचिव रूपा बंदना किरो के देख रेख में की जा रही है। मौके पर दंपतियों के परिजन, उभय पक्ष के अधिवक्ता मौजूद रहें।