Sunday, March 22, 2026
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देश के आसमान में चमका “चाँद” रिस्तेदारों के साथ इलाके का दिल और चेहरा हुआ रोशन

अफराहीम ने जेआरएफ की परीक्षा में पाई सफलता,देश में नंबर वन रैंक

देश की प्रतिष्ठित फेलोशिप में शामिल जूनियर रिसर्च फेलोशिप (जेआरएफ) की परीक्षा में मोहम्मद अफराहीम उर्फ चांद ने सफलता हासिल किया है। यूजीसी नेट या सीएसआईआर नेट जैसी राष्ट्रीय स्तर पर आयोजित परीक्षाओं के माध्यम से दी जाने वाली इस प्रतिष्ठित फैलोशिप में कामयाबी हासिल कर अफ्राहिम का पीएचडी में अनुसंधान और असिस्टेंट प्रोफेसर के लक्ष्य की ओर बढ़ने का रास्ता साफ हो गया है।अफ्राहिम ने ना सिर्फ परीक्षा में सफलता पाई है बल्कि राजनीति विज्ञान विषय में पूरे देश में नंबर वन रैंक लाया है। अफराहीम ने 100 परसेंटाईल के साथ ऑल इंडिया रैंक वन प्राप्त किया हैं.अफराहीम ने न केवल यह सर्वोच्च रैंक हासिल किया हैं बल्कि राजनीति विज्ञान विषय में 274 अंक अर्जित कर देश के सर्वाधिक अंक पाने वाले अभ्यर्थियों में स्थान बनाया हैं.इस सफलता से जहां अफ्राहिम काफी खुश है, वहीं परिवार में जश्न का माहौल है। पिता मो. आसीम ईमाम,मां आशमा परवीन, बड़ी बहन जेबा ईमाम अनवर, सबा ईमाम, मामा पत्रकार राणा मकसूद सहित परिवार के तमाम सदस्य और रिश्तेदारों में खुशी का माहौल है। इस संबंध में अफ्राहिम ने बताया कि पॉलिटिकल साइंस में कुल 88,529 छात्रों ने रजिस्ट्रेशन कराया था। इनमें से 63,468 छात्रों को परीक्षा में शामिल होने का अवसर मिला। आज जेआरएफ (जूनियर रिसर्च फैलोशिप) का परिणाम आया। यह परिणाम मेरे जीवन का सबसे अहम हिस्सा था। अब आगे का लक्ष्य को हासिल करने का रास्ता खुल गया है। मैं अपनी मंजिल तक पहुंचने के लिए और ज्यादा मेहनत करूंगा। मुझे अपने खुदा और माता-पिता की दुआओं पर पूरा भरोसा है। मेरे गुरुजनों का मार्गदर्शन और मेरी मेहनत खाली नहीं जाएगी अफराहीम ने बताया की मेरा मुख्य उद्देश्य सिविल सर्विसेज परीक्षा पास करना है.मुझे अपने मेहनत पर पूरा भरोसा हैं युपीएससी परीक्षा जरूर पास करूँगा.

प्रधान न्यायाधीश कुटुंब न्यायालय रजनीकांत पाठक के प्रयास से बुजुर्ग पिता को पुत्र ने लगाया गले मतभेद हुआ खत्म

पाकुड़ व्यवहार न्यायालय स्थित प्रधान न्यायाधीश कुटुंब न्यायालय में मूल भरण पोषण वाद संख्या 297/2025 हज़ीकुल अब्दुल गनी मियां बनाम इसराइल अंसारी जो दोनों रिश्ते में पिता पुत्र है। बुजुर्ग पिता हज़ीकुल अब्दुल गनी मियां का उनके पुत्र इसराइल अंसारी के साथ वर्षों से चल रहे मतभेद को प्रधान न्यायाधीश कुटुंब न्यायालय रजनीकांत पाठक के अथक प्रयास से समाप्त किया गया। पिता पुत्र ने आपसी मतभेद को भूलाकर एक दूसरे के साथ रहने को लेकर राजी हुए। पत्नी के मृत्यु के बाद बुजुर्ग पिता हज़ीकुल अब्दुल गनी मियां भरण पोषण चिकित्सा समेत कई प्रकार के मुसीबतों को झेल रहे थे। आज मामलों के सुलह समझौते होने से बुजुर्ग पिता को पुनः पुत्र का सहारा मिल पाया। इस दौरान प्रधान न्यायाधीश कुटुंब न्यायालय रजनीकांत पाठक ने दोनों पिता पुत्र को खुशी खुशी साथ रहने एवं विवाद से बचने का संदेश दिया। ये अभियान मेडिएशन फॉर द नेशन 2.0 नालसा नई दिल्ली एवं झालसा रांची के निर्देशानुसार प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकार पाकुड़ दिवाकर पांडे के निर्देश पर डालसा सचिव रूपा बंदना किरो के देखरेख में की जा रही है।

बल्लभपुर–फारसा मार्ग की जर्जर स्थिति पर एसडीपीआई का गंभीर संज्ञान।

बल्लभपुर और फारसा के बीच स्थित मुख्य सड़क की हालत अत्यंत जर्जर हो चुकी है। जगह-जगह सड़क टूट चुकी है, बड़े गड्ढे बन गए हैं, जिससे आम जनता को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इस मार्ग से रोज़ाना स्कूली बच्चे, मज़दूर, किसान और आम नागरिक आवागमन करते हैं, लेकिन सड़क की बदहाल स्थिति के कारण कभी भी कोई बड़ी अनहोनी हो सकती है।

एसडीपीआई के प्रदेश अध्यक्ष सह जिला परिषद सदस्य जनाब मोहम्मद हंजेला शेख हाल ही में इस मार्ग से गुजर रहे थे। उन्होंने स्वयं सड़क की भयावह स्थिति को देखा और इसे प्रशासनिक लापरवाही का नतीजा बताया। उन्होंने कहा कि यह सड़क केवल आवाजाही का साधन नहीं, बल्कि क्षेत्र के सामाजिक और आर्थिक जीवन की जीवनरेखा है। इसके बावजूद लंबे समय से इसकी मरम्मत नहीं होना अत्यंत चिंताजनक है।

जनाब मोहम्मद हंजेला शेख ने संबंधित विभाग और जिला प्रशासन से मांग की कि बल्लभपुर–फारसा सड़क की तत्काल मरम्मत कराई जाए तथा स्थायी समाधान के तहत सड़क का पुनर्निर्माण कराया जाए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई तो एसडीपीआई जनहित में आंदोलन करने को बाध्य होगी, जिसकी पूरी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।

एसडीपीआई आम जनता की सुरक्षा और सुविधा को सर्वोपरि मानती है और इस मुद्दे पर हर स्तर पर आवाज उठाती रहेगी।

समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुँचे न्याय, लगातार कयावद चल रही है।

साप्ताहिक डोर टू डोर विधिक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन

झालसा रांची के निर्देशानुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकार पाकुड़ के तत्वाधान में प्रधान जिला एवं सत्र न्यायधीश सह अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकार पाकुड़ दिवाकर पांडे के निर्देश पर सचिव रूपा बंदना किरो के मार्गदर्शन में पाकुड़ जिले के सभी प्रखंडों के अंतर्गत पाडेरकोला, लेटबाड़ी, बड़ाघघरी, जबरदाहा, समेत कई ग्रामीण क्षेत्रों जादू टोना प्रथाओं के नाम पर होने वाले अत्याचारों के खिलाफ जागरूकता अभियान चलाया गया।साथ ही सड़क दुर्घटना के शिकार, प्राकृतिक और मानव निर्मित आपदाओं के शिकार व्यक्तियों को मिलने वाले कानूनी लाभ समेत पॉश अधिनियम, बाल विवाह रोकथाम के कई बिंदु पर ग्रामीणों को जागरूक की गई। इस दौरान पैरा लीगल वॉलिंटियर्स भरत साहा, सुजाता घोष, रानी साहा, मोलिता कुमारी, जयंती टुडू, सीमा साहा, मिरु बेसरा, सौरव यादव, मैनुल शेख का अहम भूमिका रही।

सेवा ही मेरा धर्म; गरीबों की आंखों में रोशनी लौटाना ही मेरा संकल्प है : बजरंगी यादव

साहिबगंज में नि:शुल्क मोतियाबिंद शिविर, 350 मरीज ऑपरेशन के लिए चिन्हित

साहिबगंज/राजमहल: सेवा, संवेदना और संकल्प का संगम एक बार फिर बुधवार को भरतिया कॉलोनी स्थित अयोध्या धाम परिसर में देखने को मिला, जहां जिले के लोकप्रिय नेता व समाजसेवी बजरंगी प्रसाद यादव की पहल पर नि:शुल्क मोतियाबिंद ऑपरेशन शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में बड़ी संख्या में जरूरतमंद लोगों ने पहुंचकर आंखों की जांच कराई। जांच के बाद मोतियाबिंद से पीड़ित करीब 350 लोगों को ऑपरेशन के लिए चिह्नित किया गया, जिनका नि:शुल्क उपचार साहिबगंज स्थित दीप आई हॉस्पिटल में किया जाएगा।

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350 मरीज चिन्हित, दीप आई हॉस्पिटल में होगा नि:शुल्क ऑपरेशन

अयोध्या धाम परिसर में शिविर का शुभारंभ भाजपा किसान मोर्चा के राष्ट्रीय मंत्री सह पश्चिम बंगाल चुनाव प्रभारी समाजसेवी बजरंगी प्रसाद यादव, शहर के गणमान्य चंदेश्वर सिन्हा उर्फ बोधि सिन्हा, दीप आई हॉस्पिटल के निदेशक डॉ कुलदीप कुमार एवं नेत्र सर्जन डॉ सुजाता विश्वास की उपस्थिति में किया गया। कार्यक्रम प्रभारी राजेश यादव द्वारा सभी अतिथियों का स्वागत किया गया, वहीं मुख्य अतिथि बजरंगी प्रसाद यादव को अंग वस्त्र देकर सम्मानित किया गया। शिविर में आधुनिक मशीनों के माध्यम से लाभुकों का आई टेस्ट एवं अन्य आवश्यक जांच की गई। चिन्हित मरीजों के लिए आने-जाने, रहने एवं भोजन की निःशुल्क व्यवस्था की गई है।

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सेवा से मिलता है आत्मिक सुकून: बजरंगी प्रसाद यादव

आयोजक बजरंगी प्रसाद यादव ने अपने संबोधन में कहा कि इस तरह के सेवा कार्यों से उन्हें आत्मिक सुकून मिलता है। उन्होंने कहा कि आंखों की बीमारी के कारण उन्होंने स्वयं भी काफी पीड़ा सही है, इसलिए आंखों से जुड़ा दर्द वे गहराई से समझते हैं। यही वजह है कि वे चाहते हैं कि कोई भी जरूरतमंद आर्थिक अभाव के कारण इलाज से वंचित न रहे।
उन्होंने अपील करते हुए कहा कि जो भी मोतियाबिंद से पीड़ित और आर्थिक रूप से कमजोर मरीज हैं, वे आगे आकर इस शिविर का लाभ उठाएं। ऐसे सभी जरूरतमंद मरीजों का ऑपरेशन पूरी तरह नि:शुल्क कराया जाएगा। राजमहल और साहिबगंज में शिविर का आयोजन किया गया है। वहाँ प्रत्येक बुधवार को मोतियाबिंद से पीड़ित मरीजों को चिह्नित कर, उनका निशुल्क ऑपरेशन दीप आई हॉस्पिटल में किया जाएगा।

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ढाई लाख से अधिक ऑपरेशन, दशकों की सेवा का अनुभव: डॉ कुलदीप कुमार

मौके पर दीप आई हॉस्पिटल के निदेशक डॉ कुलदीप कुमार ने कहा कि वे पिछले कई दशकों से लोगों को राहत पहुंचाने के उद्देश्य से नि:शुल्क एवं सुलभ नेत्र चिकित्सा सेवा में लगे हुए हैं। अब तक वे करीब ढाई लाख से अधिक लोगों का मोतियाबिंद ऑपरेशन कर चुके हैं, जबकि दस लाख से अधिक लोगों की आंखों की जांच कर चुके हैं।
उन्होंने बताया कि गांव-गांव तक जाकर नि:शुल्क शिविरों के माध्यम से सेवा देने का सौभाग्य उन्हें मिला है और बजरंगी प्रसाद यादव द्वारा आयोजित इस शिविर में भी एक बार फिर जरूरतमंदों की सेवा करने का अवसर प्राप्त हुआ है।

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पूर्व में चश्मा वितरण से बदली हजारों की जिंदगी:

बजरंगी प्रसाद यादव ने बताया कि पिछले वर्ष सितंबर माह में उनके माध्यम से करीब दो हजार से अधिक लोगों के बीच नि:शुल्क चश्मा का वितरण कराया गया था। चश्मा मिलने के बाद लोगों के चेहरे पर लौटी मुस्कान और नई रोशनी ने उन्हें इस तरह के सेवा कार्यों को निरंतर आगे बढ़ाने की प्रेरणा दी है। उन्होंने कहा कि वे चाहते हैं कि मोतियाबिंद से पीड़ित लोग भी उसी तरह बेहतर दृष्टि के साथ सम्मानजनक जीवन जी सकें।
आयोजकों ने आम लोगों से अपील की कि इस जनसेवा से जुड़ी जानकारी को अधिक से अधिक जरूरतमंदों तक पहुंचाएं, ताकि गरीब और असहाय लोगों की आंखों में फिर से रोशनी लौट सके।

मेडिएशन फॉर द नेशन 2.0” अभियान के तहत् आज तीन मामलों का हुआ सफल मध्यस्थता

नालसा नई दिल्ली एवं झालसा रांची के निर्देशानुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकार पाकुड़ के तत्वाधान में प्रधान जिला एवं सत्र न्यायधीश सह अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकार पाकुड़ दिवाकर पांडे की अध्यक्षता में डालसा सचिव रूपा बंदना किरो के मार्गदर्शन में चले रहे मेडिएशन फॉर द नेशन 2.0” के तहत् आज तीन मामलों का सफल सुलह समझौता कराया गया। मामला पाकुड़ व्यवहार न्यायालय के प्रधान न्यायाधीश कुटुंब न्यायालय में चल रहे मूल भरण पोषण वाद संख्या 294/2025 उर्मिला खातून बनाम सत्तारूल शेख दूसरा मामला मूल भरण पोषण वाद संख्या 298/2025 मुनीजा बीबी बनाम बाबेर अली तीसरा मामला ओरिजनल सूट संख्या 130/2025 फारूक शेख बनाम सहनारा खातून जो वर्षों से अलग रह रहे थे तीनों मामलो में दंपतियों को प्रधान न्यायाधीश कुटुंब न्यायालय रजनीकांत पाठक के अथक प्रयास से दंपतियों के बीच चल रहे आपसी मतभेद को समाप्त किया गया। तीनों मामलो के दंपतियों ने आपसी मतभेद को भूलाकर एक साथ रहने के लिए राजी हुए। दोनो पक्ष एक दूसरे के भावनाओं का ख्याल करते हुए संसारीक जीवन व्यतीत करने भविष्य में किसी प्रकार का वाद-विवाद उत्पन्न नहीं करने मिलकर रहने का संकल्प लिया। प्रधान न्यायाधीश कुटुंब न्यायालय रजनीकांत पाठक के प्रयास से टूटता परिवार एक हो गए। इस टूटते रिश्ते को बचाने के लिए जिला विधिक सेवा प्राधिकार में मध्यस्थता राष्ट्र के लिए 2.0 का भूमिका एवं संबंधित दोनों पक्षों के अधिवक्ता का योगदान रहा। जिससे घर में खुशी लौट पाया। इस दौरान दंपति को एक साथ खुशी खुशी रहने मतभेद से बचने परिवार के साथ मिलजुल कर रहने का संदेश प्रधान न्यायाधीश कुटुंब न्यायालय रजनीकांत पाठक ने दिया। मौके पर दंपतियों के परिजन, अधिवक्ता, न्यायालय कर्मी उपस्थित रहें।

उपायुक्त और एसपी पाकुड़ स्वयं कर रहे निरीक्षण , संवेदनशील स्थानों पर विशेष रख रहे नज़र

नगर निकाय चुनाव को लेकर जिला निर्वाचन पदाधिकारी एवं पुलिस अधीक्षक ने संवेदनशील मतदान केंद्रों का किया निरीक्षण

मतदाताओं की सुविधा, सुरक्षा व्यवस्था एवं निष्पक्ष मतदान सुनिश्चित करने का दिया निर्देश

नगर निकाय चुनाव 2026 को शांतिपूर्ण, निष्पक्ष एवं पारदर्शी वातावरण में संपन्न कराने के उद्देश्य से जिला निर्वाचन पदाधिकारी (नगरपालिका) सह उपायुक्त श्री मनीष कुमार एवं पुलिस अधीक्षक श्रीमती निधि द्विवेदी ने जिले के विभिन्न संवेदनशील मतदान केंद्रों का निरीक्षण किया। इस क्रम में उन्होंने बूथ संख्या 19/1 एवं 19/2 उत्क्रमित मध्य विद्यालय कालिकापुर, बूथ संख्या 21/1 एवं 21/2 प्राथमिक विद्यालय बल्लभपुर तथा बूथ संख्या 20/1 एवं 20/2 गुलबहार पब्लिक स्कूल मतदान केंद्रों का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान जिला निर्वाचन पदाधिकारी सह उपायुक्त श्री मनीष कुमार एवं पुलिस अधीक्षक श्रीमती निधि द्विवेदी ने मतदान केंद्रों पर उपलब्ध आधारभूत सुविधाओं, सुरक्षा व्यवस्था तथा निर्वाचन से संबंधित तैयारियों की विस्तार से समीक्षा की। उपायुक्त ने संबंधित पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि सभी मतदान केंद्रों पर मतदाताओं की सुविधा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए पेयजल, शौचालय, प्रकाश व्यवस्था, बैठने की व्यवस्था सहित अन्य आवश्यक मूलभूत सुविधाएं सुनिश्चित की जाएं। उन्होंने कहा कि मतदान केंद्रों पर सुव्यवस्थित, सुरक्षित एवं शांतिपूर्ण वातावरण बनाए रखना सभी संबंधित पदाधिकारियों की सामूहिक जिम्मेदारी है। निरीक्षण के दौरान उपायुक्त ने मतदान केंद्रों के आसपास मौजूद स्थानीय लोगों से भी संवाद कर क्षेत्र की परिस्थितियों एवं व्यवस्थाओं की जानकारी ली तथा मतदाताओं को निष्पक्ष एवं निर्भीक होकर मतदान करने हेतु प्रेरित किया।

*जिला निर्वाचन पदाधिकारी श्री मनीष कुमार* ने निर्वाचन आयोग द्वारा जारी दिशा- निर्देशों का अक्षरशः अनुपालन सुनिश्चित करने का निर्देश देते हुए कहा कि मतदान प्रक्रिया को पूर्ण पारदर्शिता एवं निष्पक्षता के साथ संपन्न कराया जाएगा। उन्होंने संबंधित पदाधिकारियों को मतदान केंद्रों का नियमित निरीक्षण करने, संभावित कमियों को समय रहते दूर करने तथा निर्वाचन कार्यों में आपसी समन्वय के साथ कार्य करने का निर्देश दिया, ताकि नगर निकाय चुनाव सफलतापूर्वक संपन्न कराया जा सके।

*पुलिस अधीक्षक श्रीमती निधि द्विवेदी* ने सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा करते हुए संबंधित पुलिस पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि मतदान केंद्रों एवं आसपास के क्षेत्रों में सतत निगरानी बनाए रखें तथा किसी भी प्रकार की अवांछित गतिविधि पर त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि चुनाव के दौरान विधि- व्यवस्था बनाए रखने के लिए पर्याप्त सुरक्षा बलों की प्रतिनियुक्ति की जाएगी तथा संवेदनशील क्षेत्रों में विशेष सतर्कता बरती जाएगी।

मेडिएशन फॉर द नेशन 2.0” अभियान के तहत् आज एक मामलों का हुआ सफल मध्यस्थता

नालसा नई दिल्ली एवं झालसा रांची के निर्देशानुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकार पाकुड़ के तत्वाधान में प्रभारी प्रधान जिला एवं सत्र न्यायधीश सह अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकार पाकुड़ कुमार क्रांति प्रसाद की अध्यक्षता में प्रभारी सचिव सह अपर मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी विशाल मांझी के मार्गदर्शन में चले रहे मेडिएशन फॉर द नेशन 2.0” के तहत् आज एक मामलों का सफल सुलह समझौता कराया गया। मामला पाकुड़ व्यवहार न्यायालय के प्रधान न्यायाधीश कुटुंब न्यायालय में चल रहे मूल भरण पोषण वाद संख्या 326/2025 रेशमी खातून बनाम दाविरुल हासन जिनका एक छोटी बच्ची है। वर्षों से अलग रह रहे दंपतियों को प्रधान न्यायाधीश कुटुंब न्यायालय रजनीकांत पाठक के अथक प्रयास से पति पत्नी के बीच चल रहे आपसी मतभेद को समाप्त किया गया। दोनों पति पत्नी ने आपसी मतभेद को भूलाकर एक साथ रहने के लिए राजी हुए। दोनो पक्ष एक दूसरे के भावनाओं का ख्याल करते हुए संसारीक जीवन व्यतीत करने भविष्य में किसी प्रकार का वाद-विवाद उत्पन्न नहीं करने मिलकर रहने का संकल्प लिया। प्रधान न्यायाधीश कुटुंब न्यायालय रजनीकांत पाठक के प्रयास से टूटता परिवार एक हो गए। इस टूटते रिश्ते को बचाने के लिए जिला विधिक सेवा प्राधिकार में मध्यस्थता राष्ट्र के लिए 2.0 का भूमिका एवं संबंधित दोनों पक्षों के अधिवक्ता का योगदान रहा। जिससे घर में खुशी लौट पाया। इस दौरान दंपति को एक साथ खुशी खुशी रहने मतभेद से बचने परिवार के साथ मिलजुल कर रहने का संदेश प्रधान न्यायाधीश कुटुंब न्यायालय रजनीकांत पाठक ने दिया। मौके पर दंपतियों के परिजन, अधिवक्ता, न्यायालय कर्मी उपस्थित रहें।

पाकुड़ की अमड़ापाड़ा पुलिस ने फिर लिखी सफलता की कहानी, आमलोगों ने खुशी जाहिर की

अमड़ापाड़ा थाना क्षेत्र की दो लापता नाबालिग युवतियों की सकुशल बरामदगी में पाकुड़ पुलिस ने एक बड़ी सफलता हासिल की है। पाकुड़ पुलिस के प्रति स्थानीय जनता का आभार ! एक दफा अमड़ापाड़ा सहित पाकुड़ पुलिस ने फिर से जनता के विश्वास को जीता है। हमारी पुलिस सिस्टम ने पुनः यह साबित कर दिखाया है कि मामला चाहे जितना भी उलझा हुआ या संवेदनशील हो यदि शिकायतकर्ता या पीड़ित धैर्य रखे तो समस्या सुलझ ही जाती है। उल्लेखनीय है कि गत 27 जनवरी को थाना क्षेत्र से दो नाबालिग छात्रा अपने एक नाबालिग बॉय फ्रेंड के संग फरार हो गई थीं। शिकायत प्राप्त होते ही पुलिस ने कांड संख्या : 3/26 के तहत प्राथमिकी दर्ज किया और तत्पर हुई। लगातार खोज-बीन और टेक्निकल मदद से दो दिनों के दौरान दोनों लड़की सहित लड़के का लोकेसन आंध्रप्रदेश के नेल्लोर जिले में ट्रैक हुआ। वहां की जीआरपी और जिला पुलिस के सहयोग से दोनों को पुलिस अभिरक्षा में रखा गया। फिर यहां से एसआई कवींद्र मिश्रा व पप्पू कुमार सहित एक महिला कांस्टेबल और दोनों बच्ची के अभिभावक नेल्लोर – आंध्रप्रदेश पहुंचे। वहां आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी कर तीन से चार दिनों के दौरान लड़का सहित दोनों युवतियों को रविवार को अमड़ापाड़ा थाना लाया गया। पुनः यहां से युवतियों को पुलिस अभिरक्षा में सीडब्लूसी अथवा जरूरी कानूनी प्रक्रिया पूर्ण करने हेतु पाकुड़ भेजा गया। जानकारी मिली कि प्रक्रिया पूर्ण होने के उपरांत दोनों को उनके अभिभावक अथवा परिजन को सौंप दिया जाएगा।

पुलिस के हाथ बहुत लम्बे होते हैं कहाँ तक भागेंगे

पाकुड़ शहर को नफरत के आग में झोंकने वाले अजय प्रामाणिक को पुलिस ने भेजा जेल

सभी नामजद आरोपियों को दबोचने के लिए पुलिस कर रही छापेमारी…

पाकुड़-नगर थाना क्षेत्र में एक युवक की मौत के बाद डीपीएस में पत्थराव, राहगीर के साथ मारपीट,आगजनी और तोड़फोड़ मामले में अजय प्रामाणिक उर्फ़ अजय ठाकुर को नगर थाना की पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया हैं.डीएसपी अजय आर्यन ने बताया की
बीते 27 जनवरी को सुबह लगभग 9 बजे गांधी चौक स्थित बड़ी मस्जिद के सामने सड़क दुर्घटना में एक व्यक्ति की मौत के बाद क्षेत्र में तनावपूर्ण स्थिति उत्पन्न हो गई थी. घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय लोग बड़ी संख्या में घटनास्थल पर एकत्रित हो गए तथा मृतक के शव को सड़क से हटाने से इनकार करते हुए प्रशासनिक एवं पुलिस कार्रवाई में बाधा डालने लगे।मामले की जानकारी वरीय पुलिस पदाधिकारियों को दी गई,जिसके बाद पुलिस निरीक्षक सह थाना प्रभारी सहित पाकुड़ नगर थाना के पुलिस पदाधिकारी एवं सशस्त्र बल घटनास्थल पर पहुंचे। पुलिस के अनुसार, मौके पर मौजूद लोग अत्यंत उत्तेजित अवस्था में थे और शव को उठाने नहीं दे रहे थे, जिसके कारण यातायात पूरी तरह बाधित हो गया।वरीय अधिकारियों द्वारा लोगों को समझाकर स्थिति सामान्य करने का प्रयास किया गया,किंतु कुछ असामाजिक एवं उपद्रवी तत्वों ने भीड़ को उकसाकर हालात को और तनावपूर्ण बना दिया। इन तत्वों ने लाठी-डंडों के साथ पुलिस एवं प्रशासन के विरुद्ध आपत्तिजनक नारेबाजी शुरू कर दी। देखते ही देखते लगभग 500-600 लोगों की भीड़ एकत्र हो गई और मुख्य मार्ग को पूर्णतःअवरुद्ध कर दिया गया।भीड़ द्वारा आसपास के दुकानदारों पर दबाव बनाकर दुकानें बंद कराई गईं,जिससे शहर का सामान्य जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ। उपद्रवियों ने कई स्थानों पर तोड़फोड़ की घटनाएं भी कीं। यह उपद्रव क्रमश पाकुड़ नगर क्षेत्र,उपायुक्त आवास चौक,बस स्टैंड तथा दिल्ली पब्लिक स्कूल के सामने मुख्य मार्ग तक फैल गया, जिससे शहर की कानून-व्यवस्था की स्थिति गंभीर हो गई.इस संबंध में पाकुड़ नगर थाना कांड संख्या 16/26 एवं 17/26 दर्ज किया गया है। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए ग्राम मालीपाड़ा से एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है।

गिरफ्तार अभियुक्त का विवरण–

अजय प्रमाणिक उर्फ अजय ठाकुर,उम्र लगभग 30 वर्ष,पिता-भवेश प्रमाणिक, निवासी – महुआडांगा वार्ड संख्या 03, पंचायत हिरानंदपुर, थाना पाकुड़ नगर,जिला पाकुड़।

छापामारी दल में ये थे मौजूद…..

पुलिस निरीक्षक सह थाना प्रभारी अनिल कुमार गुप्ता,पु.अ.नि.सन्नी सुप्रभात,पु.अ.नि.अभिषेक कुमार,पाकुड़ नगर थाना के सशस्त्र बल शामिल थे.